रुक जाना नहीं तू कभी हार के…

ना रुकना कभी, ना झुकना कभी, पल भर के आलस से, हो सकती है त्रासदी… मुड़ कर ना देख पीछे, नज़रों को बस तू रख हर दम आगे, सीख ले तू कल से, और अपना कल तू सवाँर ले… जो मिले तुझे कभी हार, तो उसे गले से लगा ले यार, ख़तम कर के अपने…